श्रीभागवत महापुराण कथा के तीसरे दिन शिव बारात कथा सुन मंत्रमुग्ध हुए श्रोता
Share this page:
प्रदेश जनहित खबर पोर्टल यूट्यूब चैनल लखनऊ रायबरेली
सह संपादक कपिल गुप्ता
प्रसिद्ध कथा व्यास पं.देवेन्द्र अवस्थी जी महराज ने कराया कथा का रसपान
शिवगढ़,रायबरेली। नगर पंचायत शिवगढ़ के सरांय छात्रधारी में आयोजित सात दिवसीय श्री भागवत महापुराण कथा के तीसरे दिन श्रद्धालु भक्ति रस में पूरी तरह सराबोर नजर आए। प्रसिद्ध कथावाचक पं.देवेन्द्र अवस्थी जी महाराज ने अपनी ओजस्वी एवं मधुर वाणी से शिव बारात और शिव विवाह प्रसंग का ऐसा जीवंत वर्णन किया कि पूरा पंडाल “हर-हर महादेव” के जयघोष से गूंज उठा। महाराज जी ने भगवान शिव की अद्भुत बारात का वर्णन करते हुए बताया कि यह बारात केवल विवाह का उत्सव नहीं, बल्कि त्याग, समानता और भक्ति का संदेश है। उन्होंने शिव विवाह को आत्मा और परमात्मा के मिलन का प्रतीक बताते हुए कहा कि भगवान शिव का सरल, निष्कपट और विरक्त स्वरूप हमें जीवन में अहंकार त्यागने की प्रेरणा देता है। कथा के दौरान अद्भुत झांकियां दिखाई गई जिससे श्रद्धालु भाव-विभोर होकर झूम उठे और वातावरण पूरी तरह भक्तिमय हो गया। आयोजन में सदाशिव कश्यप, महंत गुरु प्रसाद यज्ञसैन, शिवभोला कश्यप, कल्लू सहित क्षेत्र के अनेक श्रद्धालु मौजूद रहे। कथा स्थल पर भक्ति, श्रद्धा और उत्साह का अद्भुत संगम देखने को मिला।